चलती ट्रेन में शराबियों का हंगामा, रेल कर्मचारियों से मारपीट
मुंबई। हजरत निजामुद्दीन से बांद्रा टर्मिनस जा रही गरीब रथ एक्सप्रेस में आधी रात को नशे में धुत यात्रियों द्वारा उत्पात मचाने का मामला सामने आया है। साथ टिकट जांच स्टाफ और रेल कर्मचारियों पर जानलेवा हमला करने के आरोप लगे हैं।
हजरत निजामुद्दीन-बांद्रा टर्मिनस गरीब रथ एक्सप्रेस नंबर 12910 में शनिवार की रात टिकट चेकिंग स्टाफ पर हमला हुआ। रतलाम से वडोदरा के बीच ड्यूटी पर तैनात टीटीई अमित और बसंत ने रात में शराबी यात्री द्वारा सीटी बजाकर उपद्रव करने की सूचना कंट्रोल को दी और सुरक्षा मांगी। इसके कुछ ही देर बाद उपद्रवी यात्रियों के समूह ने टीटीई बसंत के साथ बेरहमी से मारपीट की और उनका ईएफटी व हैंड हेल्ड टर्मिनल छीन लिया। इस मारपीट में टीटीई को चोटें आईं। घायल स्टाफ ने गोधरा में आपातकालीन ठहराव की गुहार लगाई, लेकिन ट्रेन नहीं रोकी गई. आगे वडोदरा स्टेशन पहुंचने पर भी आरपीएफ टीम उपद्रवियों के आगे बेबस दिखी और किसी भी आरोपी को ट्रेन से नीचे नहीं उतार सकी।
हमले की सूचना मिलने के बाद आरपीएफ, जीआरपी और टीसी कर्मियों ने बोरीवली से लेकर बांद्रा टर्मिनस तक सघन चेकिंग अभियान चलाया। ट्रेन में मथुरा बार काउंसिल के 664 सदस्यों की बुकिंग के चलते स्टेशनों पर भारी पुलिस बल मुस्तैद रहा। हालांकि, हमले का मुख्य संदिग्ध रास्ते में ही फरार हो गया। पश्चिम रेलवे मजदूर संघ के महासचिव आरजी काबर ने बताया कि ड्यूटी पर तैनात रेलकर्मियों पर हमला, बदसलूकी या किसी भी तरह का दुर्व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। रेल कर्मचारियों की सुरक्षा करना प्रशासन की पहली जिम्मेदारी है। इस पूरे मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।
